कलम से _ _ _ _ _ _
22nd June, 2014
मैं बनूं सिपाही तू बने चोर,
तू तू तू तू______बने चोर,
आजा खेलें यह नया खेल,
मैं बनूं सिपाही तू बने चोर।
जाओ सब छिप जाओ,
नजरों से दूर मेरी हो जाओ,
मैं आऊंगा ढूंडने तुम सबको,
छुपे रहना मिलना न मुझको।
सिपाही का रुतबा बडा है होता,
सीटी जब वह है बजाता,
डंडा अपना हवा में है घुमाता,
डरते डराते चोर बाहर है आजाता।
चोर भागे आगे आगे,
सिपाही पीछे पीछे भागे,
आखिर थक चोर है गिरता,
सिपाही का डंडा तब है चलता।
चोर आखिर पकडा है जाता,
पनिशमेंट ऊसे है मिलता,
खेल समाप्त है अब होता,
बताओ तुमको है कैसा लगता।
खेल है यह चोर सिपाही का,
खेलते हैं बच्चे सभी इसको मनसे,
कहते हैं इसे चोर सिपाही का खेल। — with आशीष कैलाश तिवारी and 35 others.
22nd June, 2014
मैं बनूं सिपाही तू बने चोर,
तू तू तू तू______बने चोर,
आजा खेलें यह नया खेल,
मैं बनूं सिपाही तू बने चोर।
जाओ सब छिप जाओ,
नजरों से दूर मेरी हो जाओ,
मैं आऊंगा ढूंडने तुम सबको,
छुपे रहना मिलना न मुझको।
सिपाही का रुतबा बडा है होता,
सीटी जब वह है बजाता,
डंडा अपना हवा में है घुमाता,
डरते डराते चोर बाहर है आजाता।
चोर भागे आगे आगे,
सिपाही पीछे पीछे भागे,
आखिर थक चोर है गिरता,
सिपाही का डंडा तब है चलता।
चोर आखिर पकडा है जाता,
पनिशमेंट ऊसे है मिलता,
खेल समाप्त है अब होता,
बताओ तुमको है कैसा लगता।
खेल है यह चोर सिपाही का,
खेलते हैं बच्चे सभी इसको मनसे,
कहते हैं इसे चोर सिपाही का खेल। — with आशीष कैलाश तिवारी and 35 others.



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